नई दिल्ली। एयर इंडिया ने अपने अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए एक बड़ी घोषणा की है। टाटा ग्रुप के स्वामित्व वाली इस एयरलाइन ने ऐलान किया है कि वह अपनी अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में अस्थायी रूप से 15% की कटौती कर रही है। यह फैसला हाल ही में हुई घटनाओं और मौजूदा वैश्विक हालात को देखते हुए लिया गया है। कटौती का असर कम से कम जुलाई के मध्य तक देखने को मिलेगा।
एयर इंडिया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट जारी कर बताया कि यह कदम कंपनी की ऑपरेशनल स्थिरता को बनाए रखने, सुरक्षा मानकों को और मजबूत करने तथा यात्रियों की असुविधा को न्यूनतम रखने के उद्देश्य से उठाया गया है। एयरलाइन के मुताबिक, 20 जून से यह फैसला प्रभाव में आ जाएगा।
इस कटौती के पीछे कई अहम कारण बताए जा रहे हैं—12 जून को अहमदाबाद में हुए विमान हादसे के बाद शुरू हुई सुरक्षा जांच, ईरानी एयरस्पेस का अस्थायी रूप से बंद होना, मिडिल ईस्ट में बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव, और यूरोप व पूर्वी एशिया के कुछ हिस्सों में जारी नाइट कर्फ्यू। इन सभी वजहों ने अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की नियमितता को प्रभावित किया है।
गौरतलब है कि हालिया हादसे के बाद पिछले छह दिनों में एयर इंडिया को 80 से ज्यादा अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द करनी पड़ी हैं, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा।
एयरलाइन ने प्रभावित यात्रियों से खेद जताते हुए भरोसा दिलाया है कि उन्हें समय रहते सूचित किया जाएगा और वैकल्पिक उड़ानों की व्यवस्था की जाएगी। यात्री चाहें तो अपनी यात्रा को बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के रीशेड्यूल कर सकते हैं या रिफंड का विकल्प चुन सकते हैं।
इसके अलावा, एयर इंडिया ने बताया कि बोइंग 777 जैसे विमानों की सुरक्षा जांच का दायरा भी बढ़ाया जाएगा। अस्थाई रूप से उड़ानों की संख्या घटाने से रिजर्व विमानों की उपलब्धता बढ़ेगी, जिससे किसी भी आपात स्थिति से बेहतर तरीके से निपटा जा सकेगा।
एयर इंडिया ने आश्वासन दिया है कि नई अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की अपडेटेड सूची जल्द ही सभी प्लेटफॉर्म्स पर जारी की जाएगी। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपनी फ्लाइट की स्थिति की नियमित जांच करते रहें।



